🪔 श्री विन्ध्येश्वरी माता की आरती (हिंदी) & (English) PDF

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श्री विन्ध्येश्वरी माता की आरती (हिंदी) –

सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, कोई तेरा पार ना पाया

पान सुपारी ध्वजा नारियल, ले तेरी भेट .चढ़ाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

सुवा चोली तेरी अंग विराजे, केसर तिलक लगाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

नंगे पग माँ अकबर आया, सोने का छत्र चढ़ाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

उँचे पर्वत बन्यो देवालय, नीचे शहर बसाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

सतयुग, द्वापर, त्रेता मध्ये, कलयुग राज सवाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

धूप दीप नैवेद्य आरती, मोहन भोग लगाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

ध्यानू भगत मैया तेरे गुण गाया, मनवांछित् फल पाया
सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी, सुन मेरी देवी पर्वतवासिनी

🪔 श्री विन्ध्येश्वरी माता की आरती (हिंदी) & (English) PDF

Shri Vindeshvari Ji Ki Aarti, Hindi (English Lyrics) –

Sunn meri parvatvasini koi tera paar na paya

paan supari dhvaja nariyal le teri bhet chadaya,
Sunn meri devi parvatvasini sunn meri devi parvatvasini,

suva choli teri ang viraje kesar tilak lagaya,
Sunn meri devi parvatvasini sunn meri devi parvatvasini,

nange pag maa akbar aaya sone ka chtra chdaya,
Sunn meri devi parvatvasini sunn meri devi parvatvasini,

uche parvat bneo devaleye niche shehar basaya,
Sunn meri devi parvatvasini sunn meri devi parvatvasini,

Satyug duapar treat madaye kalyug raaj swaya,
Sunn meri devi parvatvasini sunn meri devi parvatvasini,

Dheyanu bhagat meya tere gunn gaya mannvanchit fal paya,
Sunn meri devi parvatvasini sunn meri devi parvatvasini,

https://shriaarti.in/

श्री विन्ध्येश्वरी माता की आरती का सरल भावार्थ हिंदी & English –

“Listen, O my Goddess of the Mountains, no one has reached your abode.”

“I have offered betel leaves, betel nuts, flags, and coconuts as a gift to you.”

“Your beautiful form adorns a yellow garment, and a saffron-colored mark has been applied on your forehead.”

“With bare feet, Lord Akbar has come, and a golden umbrella has been raised over you.”

“High mountains have been transformed into divine abodes, and the city has been established beneath them.”

“During the Satya Yuga and the Treta Yuga, you manifested great wonders, and in the Kali Yuga, you reign supreme.”

“With devotion and singing your virtues, I have attained the desired fruit.”

“Listen, O my Goddess of the Mountains, listen, O my Goddess of the Mountains.”

श्री विन्ध्येश्वरी माता की आरती का सरल भावार्थ हिंदी –

“सुनो, हे पहाड़ों की मेरी देवी, कोई भी तुम्हारे निवास पर नहीं पहुंचा है।”

“मैंने आपको उपहार के रूप में सुपारी, सुपारी, झंडे और नारियल भेंट किए हैं।”

“आपका सुंदर रूप एक पीले वस्त्र को सुशोभित करता है, और आपके माथे पर केसरिया रंग का निशान लगाया गया है।”

“नंगे पैरों से, भगवान अकबर आए हैं, और आपके ऊपर एक सोने की छतरी उठी है।”

“ऊँचे पहाड़ दिव्य निवास में बदल गए हैं, और उनके नीचे शहर स्थापित हो गया है।”

“सत्य युग और त्रेता युग के दौरान, आपने महान चमत्कार प्रकट किए, और कलियुग में, आप सर्वोच्च शासन करते हैं।”

“भक्ति और आपके गुणों के गायन से, मैंने अभीष्ट फल प्राप्त किया है।”

“सुनो, हे पहाड़ों की मेरी देवी, सुनो, हे पहाड़ों की मेरी देवी।”

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